कुछ बहुत गहरा
बहुत अलग
बहुत ख़ास
एहसास है वो
जो तुमसे जुड़ा है...ये वो फ़िक्र नहीं
जो एक दोस्त के लिए
महसूस होता है,न ही ये वो प्यार है,
"शादी" जिसका अंतिम पड़ाव
माना जाता है नहीं, इस परिधि में भी
नहीं समेट पाता मैं
इस रिश्ते को
तुम्हें पाने की कभी
ख्वाहिश नहीं हुई,शायद इसलिए...क्योंकि कभी लगा ही नहीं
तुम दूर हो,चाहा की तुम्हें भुला दूं
पर भूलूँ भी तो क्या !तुम्हें कभी
याद ही नहीं किया मैंने...
बहुत सोचा ये क्या रिश्ता है
तुम्हारा मुझसे...की जानना चाहता हूँ
"तुम कैसे हो ?"दुआ करता हूँ
"तुम खुश रहो ?"अपनी ज़िन्दगी का हिस्सा बनाने की तम्मना नहीं तुम्हें...अपना ही हिस्सा बना बैठा हूँ !
आस-पास की कई नज़रें
सवाल करती हैं मुझसे...क्या कहूँ ,क्या नाम दूँ,
मैं नाम तलाश रहा हूँ...ऐसा कुछ सूझता ही नहीं...जिससे बाँध सकूं तुम्हें
किसी अदने से रिश्ते में...
बहुत अलग
बहुत ख़ास
एहसास है वो
जो तुमसे जुड़ा है...ये वो फ़िक्र नहीं
जो एक दोस्त के लिए
महसूस होता है,न ही ये वो प्यार है,
"शादी" जिसका अंतिम पड़ाव
माना जाता है नहीं, इस परिधि में भी
नहीं समेट पाता मैं
इस रिश्ते को
तुम्हें पाने की कभी
ख्वाहिश नहीं हुई,शायद इसलिए...क्योंकि कभी लगा ही नहीं
तुम दूर हो,चाहा की तुम्हें भुला दूं
पर भूलूँ भी तो क्या !तुम्हें कभी
याद ही नहीं किया मैंने...
बहुत सोचा ये क्या रिश्ता है
तुम्हारा मुझसे...की जानना चाहता हूँ
"तुम कैसे हो ?"दुआ करता हूँ
"तुम खुश रहो ?"अपनी ज़िन्दगी का हिस्सा बनाने की तम्मना नहीं तुम्हें...अपना ही हिस्सा बना बैठा हूँ !
आस-पास की कई नज़रें
सवाल करती हैं मुझसे...क्या कहूँ ,क्या नाम दूँ,
मैं नाम तलाश रहा हूँ...ऐसा कुछ सूझता ही नहीं...जिससे बाँध सकूं तुम्हें
किसी अदने से रिश्ते में...
Bahoot khoob, kuch ristay jinko naam nahi diya ja sakta, kuch upmao say oos aur keval ingit kiya ja sakta hai.aisay hi vyaakt kartay rehna bus.
ReplyDeleteSukhriya Daji :)
ReplyDeletekya kahe?? its amazing... n it feels that it comes straight from the heart
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